उरई। जालौन नगर की सीवर समस्या से निजात सीवर लाइन से ही मिल पाएगी। 32.88 करोड़ रुपये का प्रस्ताव बनाकर शासन को भेजा गया है।
जालौन नगर में करीब 1.50 लाख आबादी 25 वार्ड है। यहां अभी सीवर लाइन नहीं है। घरों से निकलने वाली सिल्ट सीधे खाली प्लॉटों या नाली नालों में जाती है। मलंगा नाले में पूरे नगर की गंदगी जाती है। सबसे ज्यादा समस्या दलालनपुर, कटरा, तोपखाना, चुर्खी सहित आधा दर्जन मोहल्लों में सीवर लाइन नहीं होने से गंदगी अधिकतर पसरी रहती है। इस समस्या से जल्द निजात मिल सकती है।
सीवर लाइन डालने के लिए जल निगम ने 32 करोड़ 88 लाख का प्रस्ताव भेजा है। जिसमें नगर के अंदर 44.24 किलोमीटर सीवर लाइन डाली जाएगी। 10 हजार लोगों को लाइन से कनेक्शन देने की भी कवायद है। प्रस्ताव पास होने के बाद ही यह सभी काम होंगे। अधिकारियों की मानें तो टीम सर्वेक्षण करने भी आ चुकी है। जल्द प्रस्ताव पास होेने की उम्मीद है।
नगर में सबसे बड़ी समस्या सीवर की है। नालियों में घरों के सीवर की गंदगी सीधे बहती है। जिससे पर्यावरण दूषित होता है। सीवर लाइन का प्रस्ताव भेजा गया है। अगर पास होता है तो नगर को बड़ी सुविधा मिलेगी।
हिमांशु नेगी,अधिशासी अभियंता,जल निगम शहरी
