जिला पंचायत का इस संबंध का गजट प्रकाशित हो चुका
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। शहरी इलाकों की तर्ज पर ग्रामीण इलाकों में भी भवन निर्माण के नक्शे पास कराना अनिवार्य होगा। जिला पंचायत का इस संबंध का गजट प्रकाशित हो चुका है। जिला पंचायत इसको अपनी आय बढ़ाने का साधन बता रही है। लेकिन आम आदमी जेब पर एक और खर्च का बोझ लदने वाला है। लोगों का कहना है कि लोकसभा चुनाव को लेकर केंद्र व राज्य सरकार जनता को राहत देने का दावा कर रही हैं। लेकिन इससे ग्रामीणों पर बोझ बढ़ेगा।
शहर के ग्रामीण इलाकों में अब भवन निर्माण के लिए नक्शा पास करना अनिवार्य हो गया है। जिला पंचायत ने इस संबंध का गजट प्रकाशन कर जारी कर दिया है। जिला पंचायत ने शासन के निर्देश पर अपनी आय के स्रोत बढ़ाने के लिए यह कदम उठाया है। लेकिन जिला पंचायत के इस कदम से भले ही विभाग की आय बढ़ जाए, आम जनता के जेब पर जो बोझ बढ़ने वाला है।
हालांकि इससे ग्रामीण इलाकोें में बनने वाले भवनों की मालकियत तय हो जाएगी, जो अभी तक नहीं होती थी, अभी तक सिर्फ शहरी या विनियमित क्षेत्र के भवनों की मालकियत तय कर हैसियत प्रमाणपत्र तैयार किया जाता रहा है। साथ ही शहरों के समीप ग्रामीण इलाकों में अवैध तरीके से प्लाटिंग करने वालों पर लगाम कसी जाएगी।
एक हजार होगा न्यूनतम जुर्माना
ग्रामीण इलाकों में बिना नक्शा पास कराए भवन निर्माण पर एक हजार रुपये का जुर्माना लगाया जाएगा, इसके बाद दोषी होने से धनराशि जमा करने तक तिथि तक पचास रुपया प्रतिदिन जुर्माने का प्रावधान रखा गया है। इसके अलावा अवैध निर्माणों को जिला पंचायत धराशाई भी कर सकती है। इस नए गजट से जिला पंचायत की आय तो बढ़ेगी ही, साथ ही विभाग के अधिकारों का दायरा भी बढ़ गया है।
ग्रामीण इलाकों में भवन के नक्शे पास कराने का गजट प्रकाशित हुआ है, इससे शासन के निर्देश पर यह प्रक्रिया लागू की गई है। इससे ग्रामीण इलाकों में सरकारी भूमि पर अवैध निर्माणों पर रोक लगाई जा सकेगी। साथ ही जिला पंचायत की आय में भी बढ़ोतरी होगी।
-अर्जुन सिंह, अपर मुख्य अधिकारी, जिला पंचायत ललितपुर।
