उरई। जिले में रविवार को 30 ग्रामीण और छह शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला का आयोजन किया गया। इसमें 42 चिकित्सकों और 151 पैरामेडिकल स्टाफ ने स्वास्थ्य मेला में आए 1904 मरीज का स्वास्थ्य परीक्षण किया। मेले में 889 पुरुष, 753 महिलाओं और 262 बच्चों ने इलाज कराया। अलग-अलग अस्पतालों में सबसे ज्यादा 346 त्वचा रोगी इलाज के लिए आए।
इसके अलावा 265 लीवर संबंधी, 117 बुखार के मरीज थे। इसके अलावा 155 श्वांस के मरीज, 82 डायबिटीज और 55 हाई ब्लड प्रेशर मरीज थे। 6 रोगी खून की कमी के भी आए। मेलों में बुखार के संदिग्ध 22 मरीजों की मलेरिया कार्ड से जांच हुई और 12 लोगों की हेपेटाइटिस की जांच की गई।
17 लोगों का आंखों का परीक्षण किया गया। 35 गर्भवती की जांच की गई। 101 लाभार्थियों के इस दौरान आयुष्मान कार्ड भी बनाए गए। तीन मरीजों के गंभीर होने पर उन्हें एंबुलेंस से उच्च सेंटर भेजा गया। सीएमओ डॉ. एनडी शर्मा ने बताया कि चिकित्सीय टीम ने सभी मरीजों की जांच कर दवा वितरित की।
36 जगह लगे स्वास्थ्य मेले में 1904 मरीजों का हुआ इलाज
संवाद न्यूज एजेंसी
उरई। जिले में रविवार को 30 ग्रामीण और छह शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर मुख्यमंत्री आरोग्य स्वास्थ्य मेला का आयोजन किया गया। इसमें 42 चिकित्सकों और 151 पैरामेडिकल स्टाफ ने स्वास्थ्य मेला में आए 1904 मरीज का स्वास्थ्य परीक्षण किया। मेले में 889 पुरुष, 753 महिलाओं और 262 बच्चों ने इलाज कराया। अलग-अलग अस्पतालों में सबसे ज्यादा 346 त्वचा रोगी इलाज के लिए आए। इसके अलावा 265 लीवर संबंधी, 117 बुखार के मरीज थे। इसके अलावा 155 श्वांस के मरीज, 82 डायबिटीज और 55 हाई ब्लड प्रेशर मरीज थे। 6 रोगी खून की कमी के भी आए। मेलों में बुखार के संदिग्ध 22 मरीजों की मलेरिया कार्ड से जांच हुई और 12 लोगों की हेपेटाइटिस की जांच की गई। 17 लोगों का आंखों का परीक्षण किया गया। 35 गर्भवती की जांच की गई। 101 लाभार्थियों के इस दौरान आयुष्मान कार्ड भी बनाए गए। तीन मरीजों के गंभीर होने पर उन्हें एंबुलेंस से उच्च सेंटर भेजा गया। सीएमओ डॉ. एनडी शर्मा ने बताया कि चिकित्सीय टीम ने सभी मरीजों की जांच कर दवा वितरित की।
