– अधिक मुआवजा मांगा, अब राजस्व विभाग करेगा जांच
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। अंबावाय, करारी और रुंदकरारी में 512 एकड़ में नई झांसी बसाई जानी है। इसके लिए अंबावाय में सड़क किनारे जमीन वाले किसानों ने पेच फंसा दिया है। ये किसान तय मुआवजे पर जमीन देने के लिए राजी नहीं हैं। जमीन के पास से सड़क गुजरने का दावा करते हुए अधिक मुआवजा मांग रहे हैं।
अंबावाय, करारी और रुंदकरारी में काफी जमीन सरकारी भी है। ऐसे में झांसी विकास प्राधिकरण को नई झांसी बसाने के लिए करीब तीन सौ एकड़ जमीन की खरीद करनी है। अब तक किसानों को मुआवजा देकर 30 एकड़ जमीन की रजिस्ट्री कराई जा चुकी है। इसके लिए जिला प्रशासन द्वारा जमीन क्रय करने की दरें तय की गई हैं। मगर अब रुंदकरारी में लकारा नहर के पास करीब 16 किसानों ने तय दरों पर जमीन बेचने से इंकार कर दिया है। इन किसानों का कहना है कि उनकी जमीन के सामने सड़क है। जबकि, जेडीए के अधिकारियों का कहना है कि जमीन के सामने सड़क नहीं है। किसानों द्वारा पेच फंसा देने से नहर के पास की कुछ जमीन की खरीद अब तक नहीं हो पाई है। वहीं, झांसी विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष आलोक यादव का कहना है कि जो किसान सड़क का हवाला देकर अधिक मुआवजे की मांग कर रहे हैं। उनकी भूमि की राजस्व विभाग जांच करेगा। नियमानुसार मुआवजे का भुगतान कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि जमीन खरीद की प्रक्रिया लगातार जारी है। जल्द ही आवश्यक भूमि क्रय करके नई झांसी बसाने का काम शुरू कर दिया जाएगा।
