उपमुख्यमंत्री की घोषणा के बाद भी अभी तक शासनस्तर से नहीं हुई कार्रवाई
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मोर्य की घोषणा के बाद भी विकास खंड नाराहट मूर्त रूप नहीं ले पाया है। विगत वर्ष अक्टूबर माह में जनपद भ्रमण कार्यक्रम के दौरान कस्बा नाराहट में जनसभा के दौरान उन्होंने नाराहट को नए विकास खंड बनाने की घोषणा की थी। उपमुख्यमंत्री की घोषणा के बाद ग्राम्य विकास विभाग व पंचायती राज विभाग की संयुक्त टीम ने नक्शा तैयार कर शासन को भेज दिया, लेकिन अभी तक इस संबंध शासनस्तर से काई अन्य कार्रवाई नहीं की है।
कस्बा नाराहट को तहसील दर्जा प्राप्त करने के लिए वहां के लोगों ने लंबा आंदोलन किया, लेकिन नाराहट के बाद पाली व मड़ावरा जनपद में दो नई तहसील सृजित हुई, लेकिन नाराहट को तहसील का दर्जा नहीं मिल पाया। 2022 में विधानसभा चुनाव के दौरान चुनावी सभा के दौरान उपमुख्यमंत्री केशवप्रसाद मौर्य ने नाराहट को कस्बा दर्जा देने का आश्वासन देते हुए, भाजपा को वोट देने की अपील की। इसके बाद उनका आगमन अक्टूबर माह में एक कार्यक्रम में हुआ, जहां पर उन्होंने अपना वादा निभाते हुए, नाराहट को विकास खंड को दर्जा देने की घोषणा कर दी। इसके बाद पंचायती राज व ग्राम्य विकास विभाग ने 44 ग्राम पंचायतों को शामिल करते हुए, विकास खंड का नक्शा तैयार शासन को भेज दिया। लेकिन अभी तक शासन से विकास खंड सृजन को लेकर कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है।
विकास खंड मुख्यालय कार्यालय निर्माण को भूमि भी हो चुकी है चिहिंत
गौना से नाराहट की ओर जाने सड़क पर पांच एकड़ भूमि चिहिंत की गई है। ग्राम सभा की इस भूमि पर कुछ आपत्ति आईं थी, इसकी रिपोर्ट तहसील पाली से मांगी गई है। जिला प्रशासन की ओर से सभी प्रकार भी रिपोर्ट भी शासन को भेज दी गई हैं। अब सिर्फ शासन से आदेश आने का इंतजार है।
27 दिसंबर को है उपमुख्यमंत्री का संभावित दौरा
आगामी 27 दिसबंर को उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य का दौरा संभावना जताई जा रही है। संभावित दौरे को लेकर कस्बा नाराहट के लोग एक बार फिर उन्हें अपना वादा याद दिलाने की तैयारी कर रहे हैं।
विकास खंड मुख्यालय कार्यालय के लिए भूमि मांगी गई थी, भूमि को चिहिंत कर लिया गया है। इसमें आपत्ति मांगी गई थी, इन आपत्तियों का निस्तारण करने के बाद रिपोर्ट शासन को भेज दी जाएगी।
अंकुर श्रीवास्तव, अपर जिलाधिकारी ललितपुर।
