खप्टिहाकलां। बेटी की शादी से छह माह पहले ही पिता ने फंदा लगाकर जान दे दी। आर्थिक हालत सही नहीं होने से वह बेटी की शादी की तैयारियों को लेकर कई दिनों से तनाव में था। परिवार के साथ खाना खाकर खेतों की तरफ जाने की बात कहकर घर से निकला था। काफी देर तक घर नहीं लौटने पर चिंतित परिजन ने खोजबीन की तो वह पेड़ से लटका मिला।
पैलानी थाना क्षेत्र के खप्टिहाकलां गांव के मोहल्ला नई बस्ती निवासी उमेश चंद्र उर्फ चुनूबाद निषाद (52) रविवार की शाम घर से करीब 200 मीटर की दूरी पर पेेड़ पर रस्सी का फंदा बनाकर लटक गया। देर रात तक नहीं लौटा तो चिंतित परिजन ने पड़ोसियों के साथ खोजबीन शुरू की। खेत की तरफ पहुंचे परिजनों ने उसे लटका देखा तो जीवित होने की उम्मीद में आनन-फानन फंदे से उतारकर जिला अस्पताल ले गए। यहां डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।
पिता लखन लाल ने बताया कि उमेश ने परिवार के साथ खाना खाया था। इसके बाद खेतों की तरफ जाने की बात कहकर घर से निकला था। उसकी बेटी प्रियंका की शादी नवंबर में होनी है। वह पांच भाइयों में दूसरे नंबर का था। उसके नाम दो बीघा खेती है। घर की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। बेटी की शादी की तैयारियों को लेकर वह कई दिन से तनाव में था। हम लोगों ने हर संभव मदद का आश्वासन दिया था। इसके बाद भी वह तनाव में रहता था।
पिता ने बेटी की शादी के तनाव के चलते ही उसके जान देने की बात बताई है। बताया कि घर में किसी तरह का कोई विवाद नहीं हुआ। मां शिवरति और पत्नी आशा का रो रोकर बुरा हाल है। उसके बेटे अशोक ने पुलिस चौकी में घटना की सूचना दी। पुलिस ने पोस्टमार्टम के बाद शव परिजन को सौंप दिया।
