बांदा। खून की कमी से जिंदगी और मौत से जूझ रही गर्भवती महिला को सिपाही रक्तदान कर मानवता की मिशाल पेश की। संकटमोचन बने सिपाही की सभी ने सराहना की। चित्रकूट जनपद की रहने वाली गर्भवती गुड़िया को परिजनों ने 19 मई को महिला जिला अस्पताल में भर्ती कराया था।
डिलीवरी होने ही वाली थी कि खून की कमी से महिला की तबीयत बिगड़ गई। महिला को %%ए+’ ग्रुप के रक्त की जरूरत थी। लेकिन जिला अस्पताल के ब्लड बैंक में यह ब्लड उपलब्ध नहीं था। परिजनों ने एक व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से रक्त की मांग की।
पुलिस अधीक्षक कार्यालय के रिट शाखा में तैनात आरक्षी मनीष कुमार मिश्रा ने साथी के मोबाइल पर यह मैसेज पड़ा तो वह जिला अस्पताल पहुंच गया। उसने रक्तदान कर महिला की जान बचा ली। महिला के लिए संकट मोचन बने सिपाही की सभी ने सराहना की।
