ललितपुर। रिश्वत के कांड वीडियो वायरल के आरोपी प्रभारी मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ एसके पांडेय का ताबादला सोनभद्र कर दिया गया है। उनके ऊपर प्रशासनिक जांच के अलावा विभागीय जांंच भी प्रस्तावित हैं। ऐसे में उनके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई न करते हुए, प्रशासनिक आधार हुए तबादले से सरकार की भ्रष्टाचार के खिलाफ चलाई जा रही, जीरो टॉलरेंस नीति पर सवाल उठने लगे हैं।
हाल ही में भूसे के ठेके को लेकर रिश्वत लेने का वीडियो वायरल हुआ था। इसके बाद जिलाधिकारी आलोक सिंह ने पुलिस अधीक्षक अभिषेक कुमार अग्रवाल को पत्र लिख पूरे प्रकरण की जांच सौंपी है। तो वहीं डीएम ने प्रभारी के पद से हटा दिया था। हालांकि चिकित्सकीय अवकाश में पर गए, डॉ. डीपी सिंह ने पदभार ग्रहण कर लिया था। रिश्वत कांड के बाद डॉ एसके पांंडेय के खिलाफ कार्रवाई तय मानी जा रही थी।
अनेक संगठनों ने की कार्रवाई की मांग
रिश्वत लेने के वीडियो वायरल के बाद जैसे जनपद की राजनीति में भूचाल आ गया था। सातरूढ़ पार्टी के नेता भी खुलकर प्रभारी सीवीओ डॉ. एसके पांडेय के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रहे थे। तो वहीं सामाजिक संगठनों से लेकर अधिवक्ताओं ने भी एफआईआर दर्ज कर कार्रवाई के लिए शासन व प्रशासन पत्राचार किया था। ऐसे में स्थानांतरण होना आम जनता में भी चर्चा का विषय बना हुआ है।
डॉ. एसके पांडेय का स्थानांतरण प्रशासनिक आधार पर सोनभद्र जिले में किया गया है। उनके खिलाफ विभागीय जांच चल रही है, अभी तक जांच कोई निष्कर्ष पर नहीं पहुंची है। – डॉ डीपी सिंह, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी ललितपुर।
