मानिकपुर (चित्रकूट)। हाईस्कूल की छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म मामले में भले ही पुलिस ने तीन शिक्षकों व पीड़िता फुफेरे भाई को जेल भेज दिया है, लेकिन जांच अभी जारी है। शुरू से इस मामले में छात्रा ने काॅलेज के प्रधानाचार्य समेत चार शिक्षकों पर आरोप लगाया था। इसे लेकर प्रधानाचार्य के खिलाफ रिपोर्ट न दर्ज हुई तो कई सवाल खड़े हुुए हैं। समाजवादी व कांग्रेस पार्टी के नेताओं ने भाजपा के कई जनप्रतिनिधियों पर प्रधानाचार्य को बचाने का आरोप लगाया है।
छात्रा ने काॅलेज के प्रधानाचार्य के अलावा शिक्षक इरशाद खान, आदित्य व मुईन के खिलाफ सामूहिक दुष्कर्म की बात कही थी। इस मामले में एसपी वृंदा शुक्ला ने एसआईटी गठित कर जांच कराई। इसमें इरशाद, आदित्य व मुईन के अलावा छात्रा के फुफेरे भाई के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर जेल भेजा है। सोमवार को पीडि़़ता के पिता व मां ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उसके रिश्तेदार को बेवजह नामजद कर जेल भेजा है। आरोपी प्रधानाचार्य को राजनैतिक दबाव के चलते बचाया जा रहा है। पीड़ित छात्रा ने आरोप लगाया है कि कई भाजपा नेता प्रधानाचार्य को बचाने का प्रयास कर रहे हैं।
सपा के जिलाध्यक्ष शिवशंकर सिंह यादव व पूर्व जिलाध्यक्ष अनुज सिंह यादव के अलावा कांग्रेस के पूर्व जिलाध्यक्ष पंकज मिश्रा ने आरोप लगाया कि पुलिस भाजपा के दबाव में आरोपी प्रधानाचार्य को बचा रही है। यह भी आरोप लगाया कि भाजपा के कई जनप्रतिनिधियों ने थाने जाकर और फोन कर प्रधानाचार्य को बचाने का प्रयास किया है। इस मामले में एसपी वृंदा शुक्ला ने बताया कि जांच अभी जारी है। किसी तरह का राजनैतिक दबाव नहीं है। निष्पक्ष तरीके से जांच कर आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की गई है। अभी दस लोगों से पूछताछ की जा रही है।
