बांदा। विधान सभा चुनाव की मतगणना के एक दिन पूर्व ईवीएम निरीक्षण को पहुंचे डीएम का वाहन रोकने और तलाशी लेने के मामले की सोमवार को अदालत में सुनवाई हुई। लगातार कई तारीखों से अनुपस्थित चल रहे पूर्व विधायक बृजेश प्रजापति के खिलाफ वारंट जारी किया गया है। पुलिस आयुक्त (लखनऊ) को पत्र भेजकर अदालत में हाजिर करने का आदेश दिया है।
विशेष लोक अभियोजक अंबिका व्यास ने बताया कि जानलेवा हमले और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के मामले में विवेचनाधिकारी ने पूर्व विधायक बृजेश प्रजापति सहित 28 आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र अदालत में दाखिल किया है। पूर्व विधायक को छोड़कर अन्य सभी आरोपी सपा नेताओं ने अपनी जमानत करा ली।
कई तारीखों से न्यायालय में पूर्व विधायक उपस्थित नहीं हो रहे। इस पर सोमवार को विशेष न्यायाधीश (एमपी-एमएलए) गरिमा सिंह ने कड़ा रुख अपनाते हुए पूर्व विधायक बृजेश प्रजापति के विरुद्ध जमानती वारंट जारी किया है। पुलिस आयुक्त (लखनऊ) को पत्र भेजकर पूर्व विधायक को अदालत में उपस्थित किए जाने के आदेश दिए हैं। सुनवाई की अगली तारीख 20 मई को निर्धारित की है।
