– शासन ने महायोजना के तहत भू उपयोग बदलने की दी अनुमति
अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। झांसी में बंद हो चुके सात सिनेमाघरों को संजीवनी मिल गई है। अब शासन ने महायोजना के तहत भू उपयोग बदलने की अनुमति दे दी है। ऐसे में संचालक बंद सिनेमाघरों को मॉल से लेकर मल्टीप्लेक्स तक में तब्दील कर सकेंगे।
एक समय शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक झांसी में 10 सिनेमाघर चलते थे। समय के साथ मल्टीप्लेक्स की मांग बढ़ने से सिंगल स्क्रीन सिनेमा घरों की मांग खत्म होती गई। इससे सिनेमाघर संचालकों के सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया। ऐसे में झांसी में एक-एक करके सात सिनेमाघर बंद हो गए। मौजूदा समय में खिलौना, नटराज और इलाइट सिनेमा संचालित हैं। अब शासनादेश जारी हुआ है कि पुराने सिनेमा घरों को तोड़कर संचालक द्वारा उसके स्थान पर अन्य निर्माण कराने के लिए आवेदन मिलने पर जीएसटी विभाग से अनापत्ति प्रमाणपत्र लेना होगा। यहां से अनुमति मिलने के बाद झांसी विकास प्राधिकरण महायोजना के तहत भू उपयोग बदलने की अनुमति देगा। साथ ही नक्शा भी पास करेगा। जेडीए उपाध्यक्ष आलोक यादव ने बताया कि जिस स्थान का जैसा भू उपयोग होगा, उसी के तहत निर्माण कार्य की अनुमति दी जाएगी। यानी कि भू उपयोग के मुताबिक ही जेडीए सिनेमा घर में मॉल, मार्केट, इंस्टीट्यूट, मल्टीप्लेक्स आदि का नक्शा पास करेगा।
कहीं बना गोदाम, कहीं चल रही दुकान
झांसी में बंद सिनेमाघरों को कहीं गोदाम के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा है तो कहीं पर नीचे दुकानों का संचालन हो रहा है। कइयों के भवन भी जर्जर हो गए हैं।
