चित्रकूट। डीएम अभिषेक आनंद की अध्यक्षता में आईजीआरएस के संबंध में जिला स्तरीय अधिकारियों के साथ बैठक कलक्ट्रेट सभागार में हुई। उन्होंने आईजीआरएस फीडिंग में हुए कुछ परिवर्तन के बारे में बताया। किस प्रकार डिफाल्टर का निस्तारण को अपलोड करें। किसी अधिकारी का तीन दिन लगातार डिफाल्टर होने पर उसका एक दिन का वेतन, महीने में पांच दिन डिफाॅल्टर होने व टॉप 10 में शामिल होने पर पांच दिन का वेतन काटा जाएगा।
डीएम ने कहा कि डिफाल्टर मानक अनुसार उसका मूल्यांकन भी किया जाएगा। शिकायतकर्ता की संतुष्टि भी होनी चाहिए। अगर निस्तारण न होने वाला है तो फोन पर बात कर उसे समझाएं। उन्होंने कहा कि डिफाल्टर से कंप्यूटर ऑपरेटर बात न कर स्वयं बात करें। सही निस्तारण कराएं नहीं तो कार्रवाई होगी। उन्होंने कहा कि अब डिफाल्टर में मानक अंक प्रदान किए जाएंगे। एक मोबाइल से 10 से अधिक शिकायत दर्ज नहीं की जाएगी।
उन्होंने एडीएम (न्यायिक) से कहा कि सभी अधिकारियों के नाम और पदनाम लिस्ट को भी रखें। डिफाल्टर देखें व रिकॉर्ड भी रखें।
बैठक में एडीएम न्यायिक वंदिता श्रीवास्तव, एसडीएम मानिकपुर प्रमेश श्रीवास्तव, मऊ एसडीएम नवदीप शुक्ला, एसडीएम राजापुर प्रमोद कुमार झा, मुख्य चिकित्सा अधिकारी भूपेश द्विवेदी सहित संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
