जिला न्यायालय में नहीं दिखी विशेष सुरक्षा व्यवस्था
लखनऊ कोर्ट में हुई हत्या की घटना के बाद भी नहीं सचेत हुआ जिला प्रशासन
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। लखनऊ की कोर्ट में जीवा हत्याकांड के बाद न्यायालयों की सुरक्षा बढ़ाने के निर्देश जारी किए गए हैं। लेकिन जनपद न्यायालय में बृहस्पतिवार को ऐसी कोई सुरक्षा-व्यवस्था दिखाई नहीं दी, निकासी गेट पर एक मेटल डिटेक्टर जरूर लगा दिया, लेकिन वादकारियों व अधिवक्ताओं से पुलिस किसी भी प्रकार की पूछताछ नहीं की। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने जरूर सुरक्षा के मानक तय करने दोहरी सुरक्षा प्रणाली को लागू करने की सलाह दी है।
गेट से परिसर तक नहीं चेक किया परिचय पत्र
न्यायालय परिसर में सुबह से ही अधिवक्ताओं के अलावा वादकारी आम दिनों की तरह आते-जाते दिखे। यहां तैनात सुरक्षा कर्मियों ने उनका परिचय-पत्र तो दूर जांच करना भी मुनासिब नहीं समझा। मुख्य गेट पर मेटल डिटेक्टर तो लगा था लेकिन लोग आराम से उससे गुजरते नजर आए, यहां भी उनकी जांच करने वाला कोई नहीं था।
बिना आई कार्ड के न्यायालय परिसर में प्रवेश हो बंद
नवनिर्वाचित जिला बार एसोसिएशन के अध्यक्ष बृजेंद्र सिंह यादव कहा कि न्यायालय परिसर में प्रवेश के लिए अधिवक्ता को जिला जज द्वारा आईकार्ड के साथ ही प्रवेश मिलना चाहिए। जिन अधिवक्ताओं का पंजीयन नहीं हुआ है, उन्हें वकील ड्रेस पहनकर प्रवेश नहीं कराना चाहिए। बिना अभ्यास पंजीयन करने अधिवक्ताओं के रोक के बाद ही लखनऊ जैसी घटनाओं को रोका जा सकता है।
वेशभूषा से नहीं माना जाए किसी को अधिवक्ता
जिला बार एसोसिएशन निवर्तमान अध्यक्ष नेमीचंद्र जैन ने कहा कि सिर्फ वेशभूसा से ही किसी को अधिवक्ता नहीं मानना चाहिए। न्यायालय परिसर में प्रवेश के दौरान अधिवक्ता होने के पुष्टि के बाद ही प्रवेश मिलना चाहिए। लखनऊ न्यायालय में हुई घटना सुरक्षा की यही चूक को दर्शाता है। इसकी पुनरावृत्ति न हो इसका निरंतर ध्यान रखा जाए।
न्यायालय का अतिरिक्त गेट रहा बंद, नहीं तैनात थे सुरक्षाकर्मी
न्यायालय में प्रवेश करने के लिए प्रवेश द्वार पर पुलिस तैनात दिखाई दी, साथ ही मेटल डिटेक्टर भी लगाए गए। लेकिन उसके ठीक बगल में एक और प्रवेश द्वार है जो बंद रहता है। उस द्वारा से कोई भी निषिद्ध या आपत्तिजनक वस्तु न्यायालय परिसर में पहुंचाई जा सकती है। इस गेट पर एहतियात के तौर पर कोई भी सुरक्षाकर्मी तैनात नहीं दिखा।
न्यायालय की सुरक्षा व्यवस्था को लेकर जिलाधिकारी के साथ बैठक करेंगे। शासन की गाइडलाइन के अनुसार सुरक्षा व्यवस्था को दुरुस्त किया जाएगा। -अभिषेक कुमार अग्रवाल, एसपी ललितपुर
