अमर उजाला ब्यूरो
झांसी। नगर निगम कार्यकारिणी चुनाव में विपक्षी दलों ने निर्दलियाें संग मिलकर भाजपा से लड़ाई लड़ने की रणनीति तैयार की है। इसके तहत विपक्ष भाजपा के खिलाफ कार्यकारिणी चुनाव में चार प्रत्याशी उतारेगा। जबकि, भाजपा अपने नौ सदस्यों को चुनाव जिताने की तैयारी में है। संख्याबल के आधार पर पार्टी के अभी आठ सदस्य जीतते नजर आ रहे हैं।
15 जून को नगर निगम कार्यकारिणी का चुनाव होना है। इसमें 12 कार्यकारिणी सदस्य चुने जाने हैं। निकाय चुनाव में इस बार 60 में से 38 पार्षद जीतने पर भाजपा को पूर्ण बोर्ड मिला है। वहीं, बसपा के सात, कांग्रेस के चार, आप का एक पार्षद चुनाव जीता है। जबकि, 10 निर्दलीय पार्षद सदन में पहुंचे हैं। इस चुनाव में मेयर, सांसद, दो एमएलसी और विधायक भी वोट देंगे। चूंकि, मेयर से लेकर विधायक तक सभी भाजपा के ही हैं। ऐसे में भाजपा के पक्ष में 43 वोट हो रहे हैं।
करीब पांच वोट पाने वाला सदस्य कार्यकारिणी में शामिल हो जाता है। इस हिसाब से भाजपा आठ सदस्यों को चुनाव आसानी से जिता लेगी। वहीं, नौवां सदस्य जिताना भाजपा के लिए चुनौती बन गया है। क्योंकि, मंगलवार को बसपा, कांग्रेस और आप के पार्षदों ने निर्दलियों के साथ बैठक कर एकजुटता दिखाई। सूत्रों ने बताया कि विपक्षी दलों ने निर्दलियों के साथ मिलकर चार पार्षदों को कार्यकारिणी का चुनाव लड़ाने की रणनीति बनाई है। हालांकि, चार प्रत्याशी कौन होंगे, इसको लेकर देर रात तक फैसला नहीं हो सका। यह तय हुआ कि जिसके पक्ष में चार पार्षद होंगे। उसको उम्मीदवार बनाया जाएगा। अब बुधवार को फिर से पार्षदों की बैठक होगी। दूसरी तरफ, भाजपा नेता पार्टी से बगावत कर चुनाव जीतने वाले और कुछ निर्दलीय पार्षदों के संपर्क में हैं। पार्टी दो से तीन पार्षदों को अपने पक्ष में कर लेती है तो नौवां प्रत्याशी भी जिताने में कामयाब हो जाएगी।
भाजपा वरिष्ठता के आधार पर उतारेगी प्रत्याशी
कार्यकारिणी चुनाव में भाजपा इस बार वरिष्ठता के आधार पर प्रत्याशी उतारेगी। यानी कि लंबे समय से चुनाव जीतते आ रहे पार्षदों को ही कार्यकारिणी चुनाव का उम्मीदवार बनाया जाएगा। हालांकि, मंगलवार तक इनके नाम फाइनल नहीं हो पाए थे।
