संवाद न्यूज एजेंसी, बांदा
Updated Fri, 23 Jun 2023 12:43 AM IST
बांदा। रिश्वत लेने हुए रंगेहाथ पकड़े गए निलंबित पीआरडी के ब्लाक आर्गनाइजर(बीओ) की विभागीय जांच शुरू कर दी गई है। युवा कल्याण एवं प्रांतीय रक्षक दल (लखनऊ) के उप निदेशक संजय कुमार ने गुरुवार को कार्यालय में आठ घंटे तक अभिलेखों व शिकायतों की जांच की। शिकायतकर्ताओं के बयान भी दर्ज किए।
कमासिन के पीआरडी जवान भैरोदीन की शिकायत पर कानपुर-झांसी की एंटी करप्शन टीम ने पीआरडी के ब्लाक आर्गनाइजर(बीओ) रामबाबू को 25 अगस्त 2022 को विकास भवन स्थित चाय की दुकान में ड्यूटी लगाने के नाम पर सात हजार रुपये रिश्वत लेते हुए पकड़ा था। जिन्हें विभाग ने निलंबित कर दिया था। हालांकि रामबाबू पर पूर्व में भी रिश्वत लेने के कई आरोप लगे थे और शासन स्तर पर शिकायत हुई। इन्हीं शिकायतों की जांच करने के लिए गुरुवार को युवा कल्याण एवं प्रांतीय रक्षक दल (लखनऊ) के उप निदेशक संजय कुमार मुख्यालय आए। विकास भवन स्थित कार्यालय में आठ घंटे तक लगातार शिकायतों की जांच की और शिकायतकर्ताओं के बयान दर्ज किए।
मीडिया से बातचीत में उन्होंने कहा कि रिश्वत लेने का मामला अदालत में विचाराधीन है। ऐसे में कोई भी टिप्पणी उचित नहीं है। हालांकि इनके खिलाफ रिश्वत मांगने की जो शिकायतें हुईं उसकी विभागीय जांच की जा रही है। शिकायतें सही पाई गईं तो इनके सेवा समाप्ति की भी संस्तुति की जाएगी।
