चित्रकूट। दीपावली की अमावस्या पर धर्मनगरी में आस्था का सैलाब उमड़ा। लगभग 25 लाख भक्तों की आस्था रामघाट और कामदगिरी मंदिर पर दिखी। लाखों दीयाें की रोशनी से मंंदाकिनी जगमगाती रही।
दीपावली की अमावस्या पर मंदााकिनी में डुबकी लगाकर खुशहाली की मन्नत मांगी। भगवान कामदनाथ के जयकारे लगाए। धर्मनगरी में दीप महोत्सव की भी धूम रही। श्रद्धालु पूरी रात मंदाकि नी नदी स्थित रामघाट में डटे रहे, जो एक- एक कर दीपदान किया। इसके साथ लाइटों की रोशनी से मंदाकिनी नदी जगमगा रही थी। कामदगिरी पर्वत पर दियों की रोशनी से प्रकाश फैला रहा।
पुरानी वैदिक मान्यताओं के हिसाब से कामदगिरि पर्वत के नीचे और सागर पर भगवान श्री विष्णु शेष शैय्या पर विश्राम करते हैं। मां लक्ष्मी उनकी सेवा मेें रहती है। दिवाली की रात मां अपने भक्तों को धन व समृद्धि में पूरित होने का आर्शीवाद देने बाहर निकलती हैं। कामदगिरि के प्रमुख चार द्वारों से उनका आगमन भक्तों के दर्शनों के लिए होता है। प्रदेश व मध्यप्रदेश क्षेत्र में आने वाले लाखों श्रद्धालु भगवान कामदनाथ के दरबार मेेें दीप प्रज्जवलित कर अपनी हाजिरी लगा चुके हैं। वहां भक्तों का रेला भी है। यही हाल मां मंदाकिनी के विभिन्न घाटों पर देखा जा रहा है। श्रद्धालुओं के इस पौराणिक तीर्थ स्थल पर आने के लिए उत्तर प्रदेश व मध्यप्रदेश में श्रद्धालुओं के इस पौणिक तीर्थ स्थल पर टे्रनों, बसों के अतिरिक्त व्यवस्था होने के कारण बड़ी संख्या में श्रद्धालु धर्मनगरी पहुंचे।
भीड़ बढऩे के साथ ही प्रशासन चौकन्ना हो गया। वाहनों को रामघाट की तरफ जाने से रोक दिया। सुरक्षा व्यवस्था के लिए यूपी एमपी क्षेत्र में लगभग पांच हजार पुलिस के जवान मौजूद रहे। देर शाम को भीड़ का दबाव बढऩे पर डीएम अभिषेक आंनद, एसपी वृंदा शुक्ला, सतना एसपी अनुराग वर्मा व एसपी आशुतोष गुप्ता ने मौक पर रहकर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया।
