ललितपुर। बानपुर क्षेत्र के 17 गांवों के 15 हजार किसानों के लिए पानी का संकट जल्द दूर होने जा रहा है। क्षेत्र से गुजरने वाली सजनाम नदी पर बने कचनौंदा बांध से दिसंबर से सिंचाई के लिए पानी छोड़ना शुरू कर दिया जाएगा। इससे क्षेत्र के 7850 भूमि की सिंचाई होगी। इन दिनों नहरों का काम अंतिम चरण में चल रहा है।
शहर से करीब 20 किमी दूर बानपुर क्षेत्र में सजनाम नदी पर वर्ष 2007-08 में कचनौंदा बांध परियोजना की शुरूआत की गई थी। परियोजना की लागत करीब तीन सौ करोड़ रुपये तय की गई थी और बांध को साल 2012 तक पूरा किया जाना था। लेकिन तय समय में निर्माण कार्य पूरा न होने से बांध की लागत पांच सौ करोड़ तक पहुंच गई।
बांध का निर्माण वर्ष 2014 में पूर्ण हो गया, लेकिन बांध से दो नहरों का निर्माण न होने से पानी सिंचाई के लिए नहीं मिल पा रहा था। रेलवे लाइन के नीचे से नहर निकालने को लेकर अफसर पशोपेश में थे। पिछले साल अफसरों ने नहरों का निर्माण कार्य शुरू कराया। नहरों का निर्माण कार्य करीब-करीब पूरा हो गया। बांध से 15 किमी लंबी बाईं नहर और 7 किमी लंबी दाहिनी नहर बनाई गई है। इसका काम दिसंबर में पूरा हो जाएगा। अफसरों ने दिसंबर माह के अंत तक नहरों का संचालन शुरू करने की तैयारी की है। इससे 17 गांवों के किसानों को फायदा मिलेगा।
एक नजर में कचनौंदा बांध परियोजना
– 500 करोड़ रुपये लागत है बांध की
– 341.70 मीटर है बांध का पूर्ण जलस्तर
– 334.75 मीटर है बांध का न्यूनतम जलस्तर
– 15 हजार किसानों को मिलेगा लाभ
– 7850 हेक्टेयर भूमि की होगी सिंचाई
कचनौंदा बांध की नहर बनाने का काम करीब-करीब पूर्ण कर लिया गया है। दिसंबर में किसानों को रबी की फसल के लिए बांध से पानी दिए जाने की तैयारी की जा रही है। बांध से संचालित दोनों नहरों के जरिये करीब 17 गांव के किसानों की हजारों हेक्टेयर भूमि सिंचित होने लगेगी। -इंजी. भागीरथ, अधिशासी अभियंता, सिंचाई निर्माण खंड प्रथम
