– वन विभाग की एनओसी न मिलने से पांडवन क्षेत्र में नहीं हो सका काम
संवाद न्यूज एजेंसी
ललितपुर। शासन-प्रशासन पर्यटन विकास के लिए तमाम योजनाएं बना रहा है, लेकिन वन विभाग के अड़ंगा लगा देने से विकास योजनाएं आगे नहीं बढ़ पा रही हैं। जिले के पांडवन क्षेत्र का पर्यटन विकास वन विभाग के एनओसी न देने से ठप हो गया। अब पर्यटन विभाग ने विकास के लिए आए 30 लाख रुपये शासन को वापस करने की तैयारी की है।
मड़ावरा क्षेत्र के पांडवन क्षेत्र में पर्यटन विभाग ने विकास की कार्ययोजना तैयार की थी। इस योजना के अंतर्गत यहां पर इंटरलॉकिंग, यात्री प्रतीक्षालय, शौचालय, पेयजल व अन्य विकास कार्य कराए जाने थे। शासन ने इन विकास कार्यों के लिए 30 लाख रुपये की धनराशि स्वीकृत कर दी गई। यह क्षेत्र वन विभाग के अधीन होने के कारण पर्यावरण की अनुमति लेना आवश्यक थी। इसके लिए पर्यटन विभाग ने वन विभाग से अनुमति मांगी, लेकिन उन्हें अनुमति नहीं मिली। वन विभाग के अधिकारी स्थानीय स्तर पर अनुमति मांगने की बात कर रहे, जबकि इसके लिए भारत सरकार अनुमति देती है। इसके लिए ऑनलाइन आवेदन करना होता है।
पर्यटन विभाग ने स्थानीय स्तर पर पत्राचार किया। जबकि वन विभाग में कोई कार्य करने के लिए भारत सरकार अनुमति देती है। जिसका आवेदन ऑनलाइन एक एप के माध्यम से होता है। विभाग ने यह प्रक्रिया नहीं अपनाई। इसलिए उन्हें एनओसी नहीं मिली।
गौतम सिंह, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी।
